Month: September 2017

  तू साथ तब तक तो देना ऐ ज़िन्दगी की प्यास हर पूरी हो जाए. कहीं पानी छलछला रहा हो आँखों में और प्यास अधूरी ही रह जाए… तू साथ तब तक तो देना ऐ ज़िन्दगी की सांस हर पूरी हो जाए. कहीं खुशबुओं की फुहार हो आसपास और सांस अधूरी ही रह जाए… तू […]

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I know I wanna write, but don’t know what about. My brain has wandered everywhere, guess not on right route. The sparrow with her red coat makes me glance again. But before I think something for her she flies off to Spain. The crooked-winged-cricket danced up and down. I’d have written something for it but […]

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ज़िन्दगी तू भी एक शिक्षिका है पानी सा अविरल बहने की, पर्वतों सा अडिग खड़े रहने की, धुएं सा ऊंचा बढ़ने की तू प्रेरणा है. क्यूंकि…ज़िन्दगी तू भी एक शिक्षिका है. सिखलाये तू अजब तरीकों से, अलग रास्तों से, अलग सलीकों से. सीखे गर कोई तुझसे तो तू तक्षशिला है. क्यूंकि…ज़िन्दगी तू भी एक शिक्षिका […]

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