Latest Blogs

किसी को उम्रभर की तन्हाई मेरे ख़ुदा मत देना।

Jallianwala Bagh

I Don’t Want To Be Me…

Art of Being Still

तुम क्या खुद को ख़ुदा समझते हो?

18 May 2021, 06:07 AM

31°c , India

Idiosyncratic Inklings

Idiosyncratic Inklings  

किसी को उम्रभर की तन्हाई मेरे ख़ुदा मत देना।

  • 22

किसी को उम्रभर की तन्हाई मेरे ख़ुदा मत देना।
उसका गुनाह केवल मोहब्बत है, उसे सजा मत देना।।

read more

तुम क्या खुद को ख़ुदा समझते हो?

  • 117

हर एक को यहां बुरा समझते हो,

तुम क्या खुद को ख़ुदा समझते हो?

और जो उससे मेरी बुराइयां करते हो,

तुम क्या उसे मुझसे जुदा समझते हो?

read more

किसी को उम्रभर की तन्हाई मेरे ख़ुदा मत देना।

  • 22

किसी को उम्रभर की तन्हाई मेरे ख़ुदा मत देना।
उसका गुनाह केवल मोहब्बत है, उसे सजा मत देना।।

तुम क्या खुद को ख़ुदा समझते हो?

  • 117

हर एक को यहां बुरा समझते हो,

तुम क्या खुद को ख़ुदा समझते हो?

और जो उससे मेरी बुराइयां करते हो,

तुम क्या उसे मुझसे जुदा समझते हो?

Me... Nitin Kalal

  • 1.3K

Hello, Everyone.

I am Nitin Kalal.

इंसानियत निभाते है

  • 1.3K
  • 1

है सफ़र में कुछ साथी अपने,
कुछ दुर तक साथ निभाते है।।

खूबसूरती की याद में…

  • 1.3K

ख़ुदा भी खूबसूरती में कयामत के रंग भर देता है,

रुखसार पर जब एक काला तिल रख देता है।

आँखे वैसे ही कातिलाना हैं उनकी,

वो सुरमे से सजाकर उन्हें कटार कर देता है।।

यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवताः

  • 1.4K

“यत्र नार्यस्तु पूज्यन्ते रमन्ते तत्र देवताः ।”

अर्थात जहाँ नारियों की पूजा होती है,ईश्वर वहां निवास करते है।